समाचार
प.पूज्य आर्यिका 105 डॉ. ज्ञेयश्री माताजी

प.पूज्य आर्यिका 105 डॉ. ज्ञेयश्री माताजी

👤gyeyshreemataji02/06/2026

प.पूज्य भारत गौरव गणिनी आर्यिका विज्ञाश्री माताजी की श्रद्धेय शिष्या

तपस्या की प्रतिमूर्ति गुरुमां ज्ञेयश्री माताजी 'डॉक्टरेट', 'भक्तामर विदुषी' एवं 'राष्ट्र गौरव' से अलंकृत*

उज्जैन। परम पूज्य श्रद्धेय ज्ञेयश्री माताजी का भव्य बहुमान समारोह उज्जैन में अत्यंत हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस पावन अवसर पर माताजी को उनके अगाध ज्ञान, कठिन तपस्या और भक्तामर साधना के लिए 'डॉक्टरेट', 'भक्तामर विदुषी' एवं 'राष्ट्र गौरव' जैसी महान उपाधियों से अलंकृत किया गया। यह गौरवशाली आयोजन संयोजक मुनि संघ व्यवस्था समिति, 1008 श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन कमेटी, विराग भक्ति महिला मंडल एवं सकल जैन समाज, उज्जैन के संयुक्त जैन बोडिंग मंदिर में आयोजित किया गया था।

समारोह में विद्वतजनों और अतिथियों द्वारा माताजी को मानद उपाधियाँ और सम्मान पत्र भेंट किए गए। वक्ताओं ने कहा कि माताजी का संयममयी जीवन संपूर्ण राष्ट्र के लिए प्रेरणास्रोत है और यह अलंकरण समूची जैन संस्कृति का सम्मान है। माताजी ने अपने मंगल प्रवचन में सभी को धर्म और संयम के मार्ग पर चलने का आशीर्वाद दिया। इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनने के लिए देश भर से आए हजारों श्रद्धालु और सकल जैन समाज के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।